Ek tara bole adhuri prem khani – Mohan rulaniya

कुछ दिनो पहले कि बात है ।
जो  मेरे जान से प्यारे भाई के साथ हुआ उसे मै आज बया करने जा रहा हुँ ।
ये कहानी एक प्यार ओर दोस्ती की जंग को बया करती है ।
एक ऐसा शक्स जो अपनी सारी जींवन सच्चे प्यार कि तलास में गुजार देता है ।
और जब भी उसे किसी लड़की से प्यार होता तब वह दोस्ती के मुकाबले प्यार को ज्यादा हैमियत देता था परन्तु अंत मैं उस के साथ जो होता उसे जब भी बया करने की कौशिस करता हुँ आँखे नम हो जाती है लेंकिन अब मैं और सहन नहीं कर सकता आज सबर का बांध टुट गया हैं इसलिए आज मैं इस शक्स के लिए कुछ पंक्ति व्यक्त करने जा रहा हुँ यदि कही भुल -चुक हो तो माफ करना ।।।।।।
प्यार की एक झलक
जब सोनू पहली बार अपने प्यार से मिला उसका नजरीया कुछ ऐसा था जो में आपके सामने पेस करता हुँ        जब सोनू की पहली मुलाकात जिस लड़की से हुई उसका नाम अंकिता था वह सोनू की क्लासमेंट थीं
जब उस  लड़की से सोनू पहली बार मिला तो उसे पहली नजर में प्यार हो गया । वो थी ही इतनी खुबसुरत की प्यार होना स्वाभाविक था ।
उसे देखकर ऐसा लगता था जेसे आसमान से परी उतरकर आई हो  जब से देखा था तब से सोनू का दिल बेकरार सा हो गया
वह हर वक्त उसी के ख्यालो मे खोया रहता था व मन ही मन उससे बाते करता रहता था लेकिन वह अंकिता हमेंशा क्लास में नीचा दिखाने की कोशिश करती थी सोनू भी उसे निचा दिखाने की कोशिश करता था और अपने-अपने दोस्तो के सामने एक दुसरे पर कमेंट कसते थें

धीरे -धीरे वह एक- दुसरे  के करीब आते गये , हंसकर एक -दुसरे के साथ बाते शेयर करने लगे,
ऐसे चलते- चलते वो खुबसुरत पल गुजरते चले, और एक दुसरे को दिल से चहाने लगे ।
एक पल ऐसा आया वो एक दुसरे से बगेर मिले खाना हजम नही होता था  एक बार की बात है सोनू और अंकिता play ground में बैठें थें सोनू के हाथ में बेट था कुछ बच्चे दोड़ते हुए बेट लेने के लिए आ रहें थें तो उनमें सें एक बच्चे नें क्हा चलो पहलें सोनू को कौन टच करता है सभी बच्चे दोड़ते हुए सोनू को हाथ टच करने के लिए लपकते है एक बच्चा अंकिता से टक्करा गया और अंकिता सोनू के उपर गिर गई जिससे सोनू के उपर के होंठ में छेद हो गया था  जिसका निसान आज भी हैं उसी दिन से अंकिता भी सोनू को दिल से चहानें लगी और वह रोज एक-दुसरे से मिलने मंदिर जाया करते थे ऐसे चलते-चलते दो वर्ष बित गयें और सोनू रुम छोड़कर अपने गाँव आ गया उसके बाद कुछ दिनो तक फोन पर बात हुई  फिर उसका कॅाल आना बंद हो गया औऱ   एक पल ऐसा आया की जब हम उसके करीब और वो हम से दुर बडते चले गये ।
वह हर वक्त हर पल उसके लिए दुआ करता रहता था,  आँखों से आंसू गिरते फिर भी हँस -हँसकर दर्द छुपाता था शायद खुदा को ये रिस्ता टुट जाना ही मंजुर था , दर्द देना तो पहले से ही दुनियाँ का दस्तुर था अचानक उसके सारे लब्ज बदलगये, और सारे सपने पल-भर में औझल हो गये।
शायद वो सोनु को अच्छे से समझ ही नही पाई,  सच्चे प्यार  का किस्सा  अब पुराना होने लगा था ।                दर्द से दोस्ती की ये दुनियाँ विरान सी लगने लगी.. और ये जग सुना- सुना लगने लगा  ,                                                    वह उस को भुलने की कोशिश करता पर भुला नही पाता , वह अपने दिल में प्यार और होठों पर मुसकान लिए अपनी किस्मत  को कोसता था ।
“आज का प्यार पलभर में बदल जाता है .. ये इंसान तो प्यार  के लिए  अपनो को भुल जाता है..
आज हमने भी अपनी टुटी कलम से आपको  लिख दिया …….हमने भी बड़ी मुसकिल से अपने RIGHT HEND से दुर रहना सिख लियाँ था  ”
वक्त गुजरता जा रहा था ।
एक दिन पता नही क्यु दिल उससे बात करने कि तमना सीने में लिए बेठा था तो सोचा आज चलो दिल कह रहा है तो कॅाल कर ही लेते है जैसे ही कॅाल किया भाग्य से अंकिता ने ही फोन उठाया तो वह हमें नही पहचान पाई तो हमने रोंग नम्बर बताकर कॅाल कट कर दी कुछ समय बाद फिर से उस का कॅाल आया तो हमने जैसे ही कॅाल उठाया तो उसने क्हा आवाज सुनी-सुनी सी लगती है शायद आपको मैं पहचानती हुँ सोनू ने क्हा रींगस से बोल रहा हुँ पहचान सको तो पहचान लो उसके बाद उसने हमें पहचान लिया और फिर से पुरानी बाते तरु-ताजा हो गई
अब सोनू और अंकिता दोनो के पास फोन नही था इसलिए रात को घर के फोन से खेत में जाकर कॅाल करता था ये सिलसिला तीन-चार माह तक चलता रहा फिर अंकिता के पिता को इस बात का पता चल गया इसलिए अंकिता ने सोनू से बात करना बंद कर दिया काफी दिन हो गये कॅाल आए तो दिपावली का दिन था तो सोचा चलो आज फोन करके दीपावली पर आमंत्रित करते है उस दिन उसकी मोम ने कॅाल उठाया तो हमने उन सब को मुबारक दी और कॅाल कट कर दी लेकिन अंकिता से बात नही हो पाई

उसके बाद हमने उससे बात करने के लिए कई बार कोशिश की परंतु उसका फोन बंद आ रहा था अंत में आकर हमे उसके घर जाकर उससे मिलने का फैसला कर ही लिया बस किसी विशेष दिन का इंतजार था
कुछ समय बाद एक दिन उस लड़की का फोन  आया………….

जब फोन उठायां तो कुछ पल के लिए दिल सोचने पर मजबुर हो गया फिर सोचा शायद उसे आज मेरे प्यार का अहसास हो गया ,                                       उसकी आवाज में एक सच्चे प्यार की झलक नजर आ रही थी                तो ऐसा लगा शायद मेरा प्यार वापस लोट आया
“पर क्या ये सच है
अरे यार लड़की जात बड़ी बेवफा होती
उसे क्या पता टुटे हुए ग्लास में जाम नही आता
इशक के मरीज को आराम नही आता ….
उस बेवफा ने दिल तोड़ने से पहले ये सोच तो लिया होता                                                                                                                                         की टुटा हुआ दिल किसी के काम नही आता……………”

जब उस  लड़की ने फोन पर कहा सोरी सोनू मेने आपके साथ जो भी किया बहुत गलत किया मैं माफी के काबील तो नही मेने आपके दिल को बहुत ठेस पहुचायां है हो सके तो मांप करना
इसी के साथ वापस चहल-पहल  शुरु हो गई
ऐसे ही चलते- चलते अपने प्यार को मजबुत बनाने के  लिए valentines day को चुना शायद इस बार वह अपने प्यार को साबित कर सके तो हमने उससे मिलने की प्लान बनाया हम उसे सप्रेाईज  देने के लिए उसे बिना बताए घर से निकल पड़े हमे क्या पता था उसे ये सब पंसद नही है हमने उसे खुश करने के लिए love type ring भी लेकर गये थे हम उसके  घर पहुचकर जैसे ही दरवाजा खटखटाया
“”
अंदर से उसकी छोटी बहीन आई वो हमारे बारे मे पहले से जानती थी उसने हमे अंदर आने को कहां हम ने जैसे ही अंदर कदम रखा हमारी नजर उस लड़की पर पड़ी वह सिलाई कर रही थी जैसे ही उसकी नजर हम पर पड़ी  तो एक बार तो वह सहमा सी गई फिर वह मुसकराते हुए सिलाई करना छोड़कर दुसरे कमरे कमरे मे चलीं गईं हम उसकी मोंम का साथ बाते करने लगे तब तक वह लड़की चाय बनाकर लेकर आ गई लेकिंन चाय हम दोंनो ही नही पिया करते थें लेकिंन जैसे ही वह चाय लेकर आई एक बार तो मेंने चाय के लिए मना कर दिया पर सोनू ये कहते हुऐ की इसके हाथों से तो मैं जहर भी पी सकता हूँ जबकी ये तो चाय हैं ……….                                                       ये कहकर उसने चाय मेरे हाथ में थमा दी

ऐसे ही बाते करते करते हमने चाय खत्म की अब समस्या ये थी की उससे अकेले में कैसे मिलें जब खुब कोशिश करने के बाद अकेले मिलना नही हुआ  तो हम दोनो  निरास होकर वापस घर पर आ गये लेकिंन आने से पहले उसकी मोम ने क्हा था की 21फरवरी को उसके घर शादी है तो आप जरुर आना तो सोचा कोई बात नही शादी में मिलेगें ये सोचकर सोनू ने यह सपत ली की यदी शादी मे मिलना नही हुआ तो उसे में हमेसा के लिए भुल जाऊगा
और हुआ भी यही जब 21 फरवरी को सोनू अपने दोस्त की वजह से अपने प्यार को खो देता हैं। इसी के साथ ये किस्सा खत्म होता हैं।
Thursday, 27 September, 2018
08:15:45

सोनू का दुसरा प्यार
सोनू का दुसरा प्यार का किस्सा बड़ा अजिब है यार क्या बताऊ जब वो किस्सा याद करता हुँ तो एक बार हँसी और एक बार रोना आता है क्या अजिब जिंदगी है प्यार कि ना जिने देती है ,ना मरने देती है,साली इस जालिम जिंदगी में प्यार के नाम पर मरना सिखा देती है।
एक बार की बात है सोनू अपने दोस्त के घर शादी में गया हुँ था     वहाँ सोनू पहली बार अपने से मिला था जब सोनू ने उसे देखा तो उसे देखकर उसी में मगन हो गया और अब वह अपने पहले प्यार को भुला चुका था पर क्या अब उसे सच्चा प्यार मिल सका देखते  है उसके दुसरे प्यार का क्या परिणाम मिलता है

जब सोनू उस लड़की से मिला तो सोनू ने उस लड़की का फोटो खेंच कर मुझे भेजा तो मेनें सोनू को खुश रखने के लिए हां कर दी जो मेंरी सबसे बड़ी भुल थी शायद मुझे सोनू को परमिंसन नही देनी चहाऐ थीं
परन्तु सोनू को उस लड़की को परपोंज करनें का मोका मिल ही गया  जब सभी लोग शादी में व्यस्त थे रात बहुत हो चुकी थी तो सुमन अकेले घर जाने के लिए इंकार कर रही थी तो सोनू उसे उसके घर छोड़ने जा रहा था तो सुमन ने सुमन ने अपने मन की बात कह दी सोनू का काम और आसान हो गया अब डरने की कोई बात नही थी  सोनू ने भी अपने मन की बात बता दी फिर क्या था ………………….।
लेंकिन  next day जब सुमन की sister ने सोनु के सामने अपने प्यार का इजहार किया तो सोनू बड़े संकट में फंस गया उस के समझ नही आ रहा था तो उसने मुझे कॅाल करके बताया तो मैं खुद सोचने पर मजबुर हो गया लेंकिन मेंरें पास भी कोई औपसन नही था उसनें क्हा जैसा आप बोलोगें मैं वैसे ही करुंगा अब मैं बड़ी उलझन में फंस गया मेनें उसे खुश देखने के लिए वह फैसला उस पर ही छोड़ दिया तो सोनू दोनो को खुश देखने के लिए दोनो को ही चुन लिया अब वो दोनो लड़कीयाँ उलझन में पड़ गई अब story सेंडविच मूवी की तरह हो गई वो दोनो सोनू को अपना-अपना प्यार समझ बेठी अब ये          love story एक ऐसे मोड़ पर आ गई की सोनू को अब खुद को पता नहीं था की वह किस से प्यार करता हैं अब सोनू इस story से तंग आ गया था अब उसने इसे सोव्ल करने का जिम्मा मुझे दे दिया अब कॅाल तो कर नही सकता option था whatsaap chating मेनें सोचा था शायद उसे कुछ समझा पाऊगा लेंकिन ये कोई आसान काम नही था इसीलिए सोनू ने मुझे ये काम मुझे सौपा था क्या करु यार मैं तो क्या कोई भी व्क्तति उसको समझाने में सफल नही हो सकता क्योकि समझने के लिए किसी भी बात को सुनना आवश्यक होता लेकिन उसमें ऐसी कोई भी कोंमन बात नही थीं वो तो बस एक ही रट लगाऐ रहती थी

“आपनें मेरे साथ  ऐसा क्यो  किया ?
क्या बिगाड़ा था मेंनें आपका ?
क्यु किया आपनें ऐसा ?
मुझें कुछ नही सुनना मुझें जवाब दो ?”
अरे यार हद हो गई जब आप कुछ नही सुनोगें तो जवाब कैसे मिलेगा उसे समझाने के लिए हर तरीका अपनाया लेंकिन सब नाकाम रहा
आखिरकार मेंनें सुमन को कॅाल करकें समझानें कें लिए कॅाल किया लेंकिन यार फिर वही सवाल अंत में उसनें मुझें एक बात ये कहीं की मैं आप दोनो को जानती ही नही हुँ
तब  मेंनें सोचा यार जिसके दिल में हमारें लिए कोई जगह नही है तो हम बेंकार में किसी के लिए क्यु जियें ये सोचकर हमनें तो उस को भुला दिया था
पर हम भी जाट है हमें भुलाना इतना आसान नहीं हैं  जितना आसान दोस्ती करना हैं
उसके बाद हमनें उससे बात करना छोड़ दिया
उसी दिन सें उसके के लिए हमारे दिल में  जगह नही हैं।
वैसे तो ये कहानी बहुत लम्बी है पर मैं इसे यही खत्म कर देना चहाता हुँ …………………………………………………………………………………….।

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13 Comments

  1. Vshal

    Kya tha bhai ye…kuch Khas samjh me nahi aaya.. Par koi nahi.. Hota h aisa.. Mujhe nahi Lagta tum me se kisi ko bhi pyaar ka Matlab ka Pata tha.. Aise hi pakad liya…aise hi chhod diya… Kahani Thodi uljhi hui thi.. But koi na.. Mast raho.. Dekho Kya Hota h aage.. Jaat ho to Khao Piyo mast raho.. Chhori or Ghani aavegi ..tension mat na leve thik S bhai…
    Good luck

    Reply
  2. Tk

    Ye kya tha wo muje v smj ni Aaya vshal bro

    Maine to aadhe me hi pdna bnd kr diaa

    Reply
  3. SS

    trailer to dangal jaisa tha magar movie pathaka jaisa phuss ho gaya kuch samaj nahi aaya

    Reply
    1. Tk


      😊😊😆😆😀😀😀

      Reply
  4. Prince

    Very Confusing Love Story.

    Hey there! It’s me, Prince here. I feel myself so lonely because, I don’t have any friends. If Any Boy or Girl, Who needs A Good & Faithful Friend and Would like to Friendship with me? So, Please WhatsApp/Message me on 9199007192. Only Serious Persons are allowed, Arrogant People & Time-Passers Stay Away.

    Reply
  5. ALONE (S.M)

    Helllo….
    Dost….

    I tbink jiski bhi ye story h….
    Wo ladka pyaar ke bare m janta bhi h ya nhi….
    Life m phli ankita ko mana ki usne dhoka diya fir to usko bhula diya…..

    Next ladki mili usne dhoka diya bhula diya….
    Galti un grl m nhi glti ap boy m h ok….

    Saccha pyaar sirf ek baar hota h
    Dobara kbi nhi hota..
    saccha pyr kbi bhulaya nhi ja sakta h….

    Aur ek aap jo bhi mili wahi accept verry nice yr
    But saccha pyr ye nhi hota….
    Kuch glt bola ho to uske liye sorry….

    Pyar ko koi nhi smjta sB badname krte h bus….

    Reply
    1. vaishnavi

      I agreee Alone(S.M) ji
      Bilkul sahi kaha apne

      Reply
  6. Isha sheikh

    Sahi kaha alone ji mohobbt ek br hoti h dusri bar agr ho toh
    Syd use jise kismt me koi or ho pyri umr bhr pr fhir bhi wo nhi hoti

    Apse ek bt puchu old mide Mt Krna ap girl h ya boy

    Reply
    1. ALONE (S.M)

      Hello….

      Isha ji

      M boy…

      I think m yaha is site pr 4 year yr se hoo..
      But yaha kuch yaha gande jo ki bahut hi jahil hote h aise log aaa jate h aur wo gandgi felate h is site pr to ham bahut kam yaha pr commt krte h…

      But ham silent rdrs ho gaye h ab…

      Reply
    2. Shahil khan

      Hyy

      Reply
  7. Tk

    Hello guysss

    Reply
  8. Shehzaada 💓

    “NAINA” main terese kuch baat karna

    Chahta hun time mila tOh

    Whatsapp karna ek dafa….!

    Miss uhhhhh bye…..!rohan! ❤

    Reply
  9. Shehzaada 💓

    “NAINA” main terese kuch baat karna

    Chahta hun time mila tOh

    Whatsapp karna ek dafa….!

    Miss uhhhhh bye……!rohan! ❤

    Reply

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