Tag Archive: Real love poem

खुद से रूठ था और चल रहा था मैं – Raushan

Heart Touching Poem

खुद से रूठा था और चल रहा था मै. गिर गया था उसके दर पे और संभल रहा था मै. ख्वाहिशे थी कांच के जैसी कुछ इस कदर . धूल चेहरे पर थी और आईना बदल रहा था मै.!! उनकी…
Read more

बिखरे ख्वाब – Raushan

Love story with friend

मैं उन बिखरे ख्वाबों से क्या मांगू.. किस-किस से इस दर्द का शिला मांगू. जी भर जाता है उस बेवफा को देखकर. कोई उस जैसा ना हो ऐसी दुआ मांगू..!! हसरतें बयां करती है उस उजड़ी सी दुनिया को. मैं…
Read more